सीयूएसबी में राष्ट्रीय औषधि-सुरक्षा सप्ताह का समापन, फार्मासिस्टों ने ली पेशेवर शपथ
आर्यावर्त वाणी | गयाजी | 28 सितंबर 2026
गयाजी: दक्षिण बिहार केंद्रीय विश्वविद्यालय (सीयूएसबी) के स्वास्थ्य विज्ञान विद्यालय के अंतर्गत संचालित फार्मेसी विभाग द्वारा आयोजित छठे राष्ट्रीय औषधि-सुरक्षा सप्ताह का समापन विश्व फार्मासिस्ट दिवस समारोह के साथ हुआ। कुलपति प्रो. कामेश्वर नाथ सिंह के मार्गदर्शन में आयोजित सप्ताहभर के कार्यक्रम में विद्यार्थियों के लिए विभिन्न शैक्षणिक, जागरूकता एवं रचनात्मक गतिविधियों का आयोजन किया गया।
औषधियों के सुरक्षित और तर्कसंगत उपयोग पर जोर
समापन समारोह को संबोधित करते हुए कुलपति प्रो. कामेश्वर नाथ सिंह ने समाज में फार्मासिस्टों की महत्वपूर्ण भूमिका पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि फार्मासिस्ट स्वास्थ्य सेवा प्रणाली का आवश्यक हिस्सा हैं और औषधियों के सुरक्षित, प्रभावी एवं तर्कसंगत उपयोग के साथ-साथ रोगी सुरक्षा और जनस्वास्थ्य के प्रति उनकी महत्वपूर्ण जिम्मेदारी है।
उन्होंने फार्मेसी शिक्षा, व्यावसायिक विकास तथा सामाजिक रूप से प्रासंगिक स्वास्थ्य पहलों को बढ़ावा देने के लिए विभाग के प्रयासों की सराहना की। साथ ही विद्यार्थियों को शैक्षणिक उत्कृष्टता, अनुसंधान, जागरूकता कार्यक्रमों और समुदाय-केंद्रित गतिविधियों के माध्यम से समाज के प्रति योगदान जारी रखने के लिए प्रोत्साहित किया।
‘औषधि-सुरक्षा निगरानी’ रही सप्ताह की विषयवस्तु
स्वास्थ्य विज्ञान विद्यालय के अधिष्ठाता प्रो. सुब्रत कुमार भट्टामिस्र ने बताया कि छठे राष्ट्रीय औषधि-सुरक्षा सप्ताह की विषयवस्तु ‘औषधि-सुरक्षा निगरानी के माध्यम से औषधियों के तर्कसंगत उपयोग को बढ़ावा देना : सुरक्षित स्वास्थ्य सेवा की दिशा में एक कदम’ थी।
उन्होंने बताया कि कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों को औषधि-सुरक्षा निगरानी, तर्कसंगत औषधि उपयोग, प्रतिकूल औषधि प्रतिक्रियाओं तथा सुरक्षित स्वास्थ्य सेवा पद्धतियों के प्रति जागरूक करना था। सप्ताह के दौरान प्रश्नोत्तरी, वाद-विवाद, चित्रकला, पोस्टर निर्माण, रील निर्माण और रंगोली जैसी विभिन्न प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया, जिसमें विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
विश्व फार्मासिस्ट दिवस पर फार्मासिस्टों की भूमिका पर चर्चा
विश्व फार्मासिस्ट दिवस 2026 का समापन समारोह ‘स्वस्थ भविष्य के लिए फार्मासिस्टों को सशक्त बनाना’ विषयवस्तु तथा ‘स्वस्थ भारत : रोगाणुरोधी प्रतिरोध से मुकाबला’ के व्यापक उद्देश्य के साथ आयोजित किया गया। कार्यक्रम में शिक्षक, कर्मचारी एवं विद्यार्थियों ने सहभागिता की।
जन संपर्क पदाधिकारी (पीआरओ) मोहम्मद मुदस्सीर आलम ने बताया कि समारोह का शुभारंभ प्रो. विवेक डेव के स्वागत संबोधन से हुआ। इसके बाद प्रो. सुब्रत कुमार भट्टामिस्र ने रोगाणुरोधी प्रतिरोध से मुकाबला करने की आवश्यकता तथा स्वास्थ्य सेवा व्यवस्था को मजबूत बनाने में फार्मासिस्टों की भूमिका और जिम्मेदारियों पर प्रकाश डाला।
विद्यार्थियों ने ली पेशेवर शपथ
समारोह का प्रमुख आकर्षण फार्मेसी विद्यार्थियों का फार्मासिस्ट शपथ ग्रहण समारोह रहा। विद्यार्थियों ने पेशेवर शपथ लेते हुए नैतिक आचरण, रोगी सुरक्षा और जिम्मेदार औषधीय देखभाल के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराई।
इस अवसर पर राष्ट्रीय औषधि-सुरक्षा सप्ताह के दौरान आयोजित विभिन्न प्रतियोगिताओं के विजेता विद्यार्थियों को पुरस्कार एवं प्रमाण-पत्र प्रदान किए गए। कार्यक्रम का धन्यवाद ज्ञापन कार्यक्रम समन्वयक डॉ. अरुण कुमार ने किया। आयोजन समिति के सदस्य डॉ. गिरीश कुमार सिंह एवं डॉ. बिभाष चंद्र महांता ने कार्यक्रम की सफलता में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
