किलकारी में अभिभावक संवाद कार्यक्रम आयोजित, समर कैंप की समीक्षा और नए नामांकन पर हुई चर्चा
आर्यावर्त वाणी | गयाजी | 28 जून 2026,
गयाजी: किलकारी बिहार बाल भवन, गयाजी में रविवार को अभिभावक बैठक एवं संवाद कार्यक्रम का सफल आयोजन किया गया। कार्यक्रम में समर कैंप-2026 की गतिविधियों की समीक्षा के साथ-साथ आगामी सत्र के लिए नए नामांकन को लेकर विस्तृत चर्चा की गई। बड़ी संख्या में उपस्थित अभिभावकों ने अपने सुझाव साझा किए और किलकारी द्वारा संचालित गतिविधियों की सराहना की।
पीपीटी के माध्यम से दी गई संस्थान की जानकारी
बैठक के दौरान सहायक कार्यक्रम पदाधिकारी आकाश कुमार ने पावर पॉइंट प्रेजेंटेशन (पीपीटी) के जरिए किलकारी में संचालित शैक्षणिक, सांस्कृतिक एवं रचनात्मक गतिविधियों, नामांकन प्रक्रिया और संस्थान के नियमों की विस्तृत जानकारी दी। कार्यक्रम की शुरुआत अभिभावकों का तिलक-चंदन लगाकर स्वागत करने से हुई, जिसके बाद किलकारी द्वारा निर्मित तीन लघु फिल्मों का प्रदर्शन किया गया।
मात्र 10 रुपये में होता है नामांकन
बैठक के दौरान महिला अभिभावक नीलू देवी के सवाल “किलकारी क्या है और कैसे काम करती है?” का जवाब देते हुए आकाश कुमार ने बताया कि किलकारी बिहार बाल भवन, शिक्षा विभाग, बिहार सरकार की एक प्रमुख संस्था है, जहां बच्चों को विभिन्न विधाओं में पूर्णतः निःशुल्क प्रशिक्षण दिया जाता है।
उन्होंने बताया कि नामांकन के लिए बच्चों के दो रंगीन फोटो, जन्म प्रमाण पत्र अथवा आधार कार्ड की छायाप्रति और मात्र 10 रुपये का नामांकन शुल्क जमा करना होता है। इसके बाद पूरे वर्ष बच्चों को शैक्षणिक, सांस्कृतिक, खेल और रचनात्मक गतिविधियों का प्रशिक्षण निःशुल्क उपलब्ध कराया जाता है।
अभिभावक बनें बच्चों के मजबूत सहयोगी
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए प्रमंडल कार्यक्रम समन्वयक राजीव रंजन श्रीवास्तव ने कहा कि किलकारी बच्चों की प्रतिभा को विकसित करने का एक सशक्त मंच है और उनके समग्र विकास में अभिभावकों की सक्रिय भागीदारी बेहद जरूरी है।
वहीं, सहायक कार्यक्रम पदाधिकारी आकाश कुमार ने कहा कि प्रत्येक बच्चा अपने आप में विशिष्ट और प्रतिभाशाली होता है। अभिभावकों को बच्चों पर अनावश्यक दबाव बनाने के बजाय उनकी रुचियों और क्षमताओं को पहचानने तथा उन्हें आगे बढ़ाने में सहयोगी की भूमिका निभानी चाहिए।
उन्होंने कहा, “जब बच्चों को अपनी प्रतिभा पहचानने और उसे विकसित करने का अवसर मिलता है, तब वे अधिक आत्मविश्वास के साथ अपने चुने हुए क्षेत्र में उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हैं।”
अभिभावकों ने दिए नए प्रशिक्षण शुरू करने के सुझाव
बैठक के दौरान अभिभावकों ने कई महत्वपूर्ण सुझाव भी दिए। प्रतिभा कुमारी ने लोक संगीत प्रशिक्षण शुरू करने का सुझाव दिया, जबकि विनय कुमार ने हारमोनियम और तबला प्रशिक्षण की व्यवस्था करने की मांग रखी। इस पर किलकारी प्रबंधन ने भविष्य में अभिभावकों के लिए भी प्रशिक्षण कक्षाएं शुरू करने पर सकारात्मक विचार करने का आश्वासन दिया।
समर कैंप की गतिविधियों की हुई सराहना
अभिभावकों ने समर कैंप-2026 की समीक्षा करते हुए बच्चों में आए सकारात्मक बदलावों, विशेषकर आत्मविश्वास, अनुशासन और रचनात्मक अभिव्यक्ति में वृद्धि की सराहना की। उन्होंने अधिक से अधिक बच्चों को किलकारी से जोड़ने की प्रतिबद्धता भी व्यक्त की।
‘संडे का फंडा’ कार्यक्रम में बच्चों ने बिखेरा प्रतिभा का रंग
कार्यक्रम का समापन “संडे का फंडा” कार्यक्रम के तहत बच्चों द्वारा रंग, संगीत और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के आकर्षक प्रदर्शन के साथ हुआ। बच्चों की प्रस्तुति को उपस्थित अभिभावकों और अतिथियों ने खूब सराहा।
इस अवसर पर नामांकन प्रभारी कल्पना सिंह, लाइब्रेरी संचालक चांदना मुखर्जी, कंप्यूटर प्रशिक्षक निशि खान सहित किलकारी बिहार बाल भवन, गया के सभी प्रशिक्षक और कर्मी उपस्थित रहे।
