विश्व पर्यावरण दिवस पर कृषि विज्ञान केंद्र, मानपुर में हुआ वृक्षारोपण, जैविक खेती अपनाने का दिया संदेश

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आर्यावर्त वाणी | गयाजी | 05 जून 2026,

गयाजी: विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर कृषि विज्ञान केंद्र परिसर में वृक्षारोपण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का नेतृत्व कृषि विज्ञान केंद्र, मानपुर  के वरीय वैज्ञानिक एवं प्रधान इं. मनोज कुमार राय ने किया। इस दौरान परिसर में विभिन्न प्रजातियों के पौधों का रोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया गया।

वैज्ञानिकों और कर्मचारियों ने बढ़-चढ़कर लिया हिस्सा

कार्यक्रम में वैज्ञानिक डॉ. अशोक कुमार, डॉ. अनिल कुमार रवि, डॉ. फरहाना खातून, डॉ. मोनिका पटेल, डॉ. रश्मि प्रियदर्शी सहित केंद्र के अन्य कर्मचारियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। सभी ने पौधारोपण कर हरित एवं स्वच्छ पर्यावरण के निर्माण का संकल्प लिया।

पर्यावरण संतुलन के लिए वृक्षारोपण आवश्यक

इस अवसर पर वरीय वैज्ञानिक एवं प्रधान इं. मनोज कुमार राय ने कहा कि वृक्ष मानव जीवन के आधार हैं तथा पर्यावरण संतुलन बनाए रखने में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका है। उन्होंने किसानों एवं कर्मचारियों से अधिक से अधिक वृक्ष लगाने और उनकी नियमित देखभाल करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि वृक्षारोपण जलवायु परिवर्तन की चुनौतियों से निपटने और भावी पीढ़ियों के लिए स्वच्छ एवं स्वस्थ पर्यावरण सुनिश्चित करने का प्रभावी माध्यम है।

किसानों को जैविक खेती अपनाने की सलाह

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि पर्यावरण संरक्षण आज के समय की सबसे बड़ी आवश्यकता बन गई है। किसानों को अपनी खेती में संतुलित मात्रा में उर्वरकों के उपयोग तथा जैविक खाद को अधिक से अधिक अपनाने की सलाह दी गई। उन्होंने कहा कि जैविक खाद के प्रयोग से मिट्टी की उर्वरा शक्ति बनी रहती है और पर्यावरण संरक्षण में भी महत्वपूर्ण योगदान मिलता है।

रासायनिक उर्वरकों के दुष्प्रभावों पर डाला प्रकाश

मनोज कुमार राय ने कहा कि रासायनिक उर्वरकों का अंधाधुंध उपयोग मिट्टी, जल और पर्यावरण पर प्रतिकूल प्रभाव डालता है, जबकि जैविक खादों के उपयोग से भूमि की गुणवत्ता में सुधार होता है तथा टिकाऊ कृषि को बढ़ावा मिलता है। उन्होंने किसानों से प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण और अधिकाधिक वृक्षारोपण में सक्रिय भागीदारी निभाने की अपील की।

पर्यावरण संरक्षण का लिया गया संकल्प

कार्यक्रम के अंत में उपस्थित सभी वैज्ञानिकों, अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने पर्यावरण संरक्षण, हरित विकास तथा अधिकाधिक वृक्षारोपण का संकल्प लिया और समाज को भी इसके लिए जागरूक करने का आह्वान किया।

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