शिक्षकों की समस्याओं पर सख्त हुए डीएम, लापरवाह कर्मियों पर वेतन रोक व कार्रवाई के निर्देश

0
1768325930349.jpg
Share with

आर्यावर्त वाणी | गयाजी | 13 जनवरी 2026,

गयाजी; शिक्षकों की लंबित समस्याओं के त्वरित समाधान को लेकर आज जिला शिक्षा कार्यालय में जिला पदाधिकारी शशांक शुभंकर द्वारा विशेष सुनवाई की गई। इस दौरान जिले के विभिन्न प्रखंडों से आए लगभग 180 शिक्षकों ने अपनी-अपनी समस्याओं से संबंधित लिखित आवेदन जमा किए थे। सभी आवेदकों को संबंधित पदाधिकारियों एवं कर्मियों की उपस्थिति में बुलाकर मामलों की प्रगति और निबटारे की स्थिति की विस्तृत समीक्षा की गई।

सेवांत लाभ में लापरवाही पर कड़ा रुख

सुनवाई के क्रम में स्वर्गीय शिक्षक रमेश कुमार के परिजनों ने बताया कि सेवांत लाभ का मामला चार माह से शिक्षा विभाग के डाक में पड़ा है और लिपिक तक नहीं पहुंचाया गया। इस पर डीएम ने कड़ी नाराजगी जताते हुए क्लर्क प्रिये रंजन से स्पष्टीकरण पूछने एवं वेतन भुगतान पर रोक लगाने का निर्देश दिया। साथ ही जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (स्थापना शिक्षा) से भी लापरवाही को लेकर स्पष्टीकरण मांगते हुए वेतन रोकने का आदेश दिया गया।

वेतन फिक्सेशन व बकाया भुगतान के मामले

वजीरगंज के शिक्षक अरुण कुमार ने पिछले दो वर्षों से वेतन फिक्सेशन और अंतर राशि के भुगतान नहीं होने की शिकायत की। इस पर डीएम ने शिक्षा विभाग के लिपिक अंगिरा कुमार से स्पष्टीकरण पूछते हुए वेतन बंद करने एवं विभागीय कार्रवाई शुरू करने का निर्देश दिया।

मानपुर प्रखंड के मध्य विद्यालय मंडई के प्रधानाध्यापक अनूप कुमार ने पदोन्नति के बाद बकाया भुगतान नहीं होने की बात रखी। जांच में लिपिक अंगिरा कुमार की लापरवाही सामने आने पर डीएम ने उन्हें जिला शिक्षा कार्यालय से हटाकर दूरस्थ प्रखंड में स्थानांतरित करने तथा विभागीय कार्रवाई के निर्देश दिए।

बीआरसी व बीईओ की भूमिका पर भी सवाल

Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement

मध्य विद्यालय वजीरगंज के शिक्षक संजू कुशवाहा द्वारा अगस्त 2025 के 14 दिनों के वेतन नहीं मिलने की शिकायत पर जांच में पाया गया कि बीआरसी द्वारा जिला शिक्षा कार्यालय को सही विपत्र नहीं भेजा गया। डीएम ने बीआरसी प्रभारी से स्पष्टीकरण मांगते हुए दो दिनों में बकाया वेतन भुगतान कराने का आदेश दिया।

प्राथमिक विद्यालय कन्या मुरेरा कोच के शिक्षक कौशल कुमार और मध्य विद्यालय गफाखुर्द बोधगया के नियोजित शिक्षक सत्यनारायण प्रसाद के मामलों में भी संबंधित प्रखंड शिक्षा पदाधिकारियों से स्पष्टीकरण पूछने एवं वेतन रोकने के निर्देश दिए गए।

उपादान व एरियर के 184 मामलों पर 15 दिन की समय-सीमा

सुनवाई में अधिकांश मामले उपादान की राशि से एकमुश्त काटी गई रकम के भुगतान से जुड़े थे। जिला शिक्षा पदाधिकारी ने बताया कि ऐसे कुल 184 मामले लंबित हैं। डीएम ने इन सभी मामलों में अगले 15 दिनों के भीतर भुगतान सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।

निगरानी जांच और एफआईआर के निर्देश

मध्य विद्यालय पनारी बेला के शिक्षक अनिल कुमार, सेवानिवृत्त शिक्षक विजय प्रसाद तथा मध्य विद्यालय नीमसार टिकारी के शिक्षक कृष्णकांत नारायण सिंह के मामलों में गंभीर अनियमितता पाए जाने पर डीएम ने जिला निगरानी समिति (धावा दल) से विस्तृत जांच कराने का आदेश दिया। उन्होंने स्पष्ट किया कि यदि भुगतान रोके जाने का कोई ठोस कारण नहीं पाया गया तो प्राथमिकी दर्ज की जाएगी।

त्वरित समाधान के निर्देश

सुनवाई के अंत में जिला पदाधिकारी शशांक शुभंकर ने कहा कि आज जिन शिक्षकों की समस्याएं सुनी गई हैं, उनका त्वरित एवं समयबद्ध समाधान सुनिश्चित किया जाएगा। उन्होंने जिला शिक्षा पदाधिकारी को निर्देश दिया कि लापरवाही किसी भी स्तर पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी और शिक्षकों के अधिकारों की रक्षा प्रशासन की प्राथमिकता है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You cannot copy content of this page