दीपावली और छठ पर आग से निपटने के लिए गया अग्निशमन विभाग अलर्ट, 21 संवेदनशील स्थानों पर तैनात रहेंगी दमकल गाड़ियां

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आर्यावर्त वाणी | गयाजी | 07 नवम्बर 2026,


गयाजी। दीपावली और लोक आस्था के महापर्व छठ के दौरान आग लगने की संभावित घटनाओं से निपटने के लिए गयाजी जिले का अग्निशमन विभाग पूरी तरह अलर्ट मोड में है। त्योहारों के दौरान लोगों की भीड़, पटाखों की बिक्री और संकरी गलियों में आग लगने की आशंका को देखते हुए विभाग ने विशेष सुरक्षा योजना तैयार की है। इसके तहत जिले के 21 संवेदनशील स्थानों पर दमकल गाड़ियों की तैनाती की जाएगी। वहीं, शहर की संकरी गलियों में आग बुझाने के लिए फायर बाइक दौड़ेंगी और छह स्थानों पर अस्थायी नियंत्रण कक्ष बनाए जाएंगे।

शनिवार को जिला अग्निशमन पदाधिकारी ज्योति प्रकाश ने प्रेस वार्ता कर विभाग की तैयारियों की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने बताया कि पिछले 10 वर्षों में जिले में हुई अगलगी की घटनाओं के आंकड़ों का विश्लेषण करने के बाद संवेदनशील स्थानों की पहचान की गई है।

तीन स्तरों में होगी अग्निशमन व्यवस्था

अग्निशमन विभाग ने अपनी सुरक्षा व्यवस्था को तीन स्तरों L1, L2 और L3 में विभाजित किया है। इसमें L1 श्रेणी में सबसे अधिक संवेदनशील 10 स्थानों को शामिल किया गया है। यहां दमकल गाड़ियां पहले से तैनात रहेंगी और आसपास आग लगने की सूचना मिलते ही तत्काल रवाना होंगी।

L2 श्रेणी में छह स्थान रखे गए हैं, जहां आग लगने की आशंका L1 की तुलना में कम है। यहां तैनात दमकल वाहन आसपास के इलाकों में जरूरत के अनुसार पहुंचेंगे। वहीं, L3 श्रेणी में पांच स्थान शामिल किए गए हैं। इन क्षेत्रों में अग्निशमन वाहन भ्रमणशील रहकर लगातार निगरानी करेंगे। इस तरह कुल 21 संवेदनशील स्थानों पर तीन स्तरों में अग्निशमन व्यवस्था लागू रहेगी।

छह स्थानों पर बनेंगे अस्थायी कंट्रोल रूम

दीपावली और छठ के दौरान शहर में बढ़ने वाली भीड़ और आवागमन को देखते हुए छह प्रमुख स्थानों पर अस्थायी नियंत्रण कक्ष स्थापित किए जाएंगे। इनमें गांधी मैदान, जहां पटाखों की बिक्री हो रही है, कालचक्र मैदान और रेलवे स्टेशन जैसे प्रमुख स्थान शामिल हैं।

ये अस्थायी नियंत्रण कक्ष स्थानीय स्तर पर तैनात अग्निशमन कर्मियों के लिए संपर्क केंद्र के रूप में काम करेंगे। किसी भी घटना की सूचना मिलने पर संबंधित नियंत्रण कक्ष से तत्काल जिला नियंत्रण कक्ष को जानकारी दी जाएगी। जिला नियंत्रण कक्ष 24 घंटे सक्रिय रहेगा। जरूरत पड़ने पर अतिरिक्त दमकल वाहन और बचाव दल को भी घटनास्थल पर भेजा जाएगा।

संकरी गलियों में फायर बाइक से होगी त्वरित कार्रवाई

गया शहर की घनी आबादी और संकरी गलियों में बड़ी दमकल गाड़ियों के पहुंचने में होने वाली परेशानी को देखते हुए विभाग ने दो फायर बाइक तैनात की हैं। प्रत्येक बाइक पर दो प्रशिक्षित अग्निशमन कर्मी रहेंगे। इनमें छोटे अग्निशमन उपकरणों के साथ लगभग 10 से 12 लीटर क्षमता वाले CO2 और पानी आधारित अग्निशमन उपकरण उपलब्ध रहेंगे।

ज्योति प्रकाश ने बताया कि फायर बाइक फर्स्ट रिस्पॉन्डर के रूप में काम करेंगी। संकरी गली या भीड़भाड़ वाले इलाके में आग लगने की सूचना मिलते ही ये बाइक सबसे पहले मौके पर पहुंचकर शुरुआती आग बुझाने का प्रयास करेंगी। इसके बाद जरूरत के अनुसार बड़ी दमकल गाड़ियों और अन्य बचाव टीमों को बुलाया जाएगा। उन्होंने कहा कि आग की छोटी घटना को समय रहते नियंत्रित करना बेहद जरूरी है, क्योंकि शुरुआती लापरवाही बड़ी दुर्घटना का कारण बन सकती है।

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छोटी और संकरी गलियों के लिए फायर बाइक

प्रत्येक अग्निशमन उपकेंद्र में रहेगी QRT टीम

आपातकालीन परिस्थितियों से निपटने के लिए विभाग ने क्विक रिस्पॉन्स टीम (QRT) की व्यवस्था भी की है। प्रत्येक अग्निशमन उपकेंद्र में प्रशिक्षित कर्मियों की एक टीम उपलब्ध रहेगी। ये टीमें आग बुझाने के साथ-साथ रेस्क्यू ऑपरेशन चलाने और जरूरत पड़ने पर लोगों को सुरक्षित बाहर निकालने का काम करेंगी। किसी बड़ी घटना की सूचना मिलते ही इन्हें तत्काल सक्रिय किया जाएगा।

पटाखा दुकानों की जांच, मॉक ड्रिल से लोगों को किया जा रहा जागरूक

अग्निशमन विभाग की ओर से पटाखा बिक्री करने वाली दुकानों पर भी विशेष निगरानी रखी जा रही है। जिला प्रशासन से अस्थायी लाइसेंस प्राप्त कर पटाखों की बिक्री करने वाले दुकानदारों को अग्नि सुरक्षा के निर्धारित मानकों का पालन करने का निर्देश दिया जा रहा है। दुकानों की जांच कर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा भी लिया जा रहा है।

इसके अलावा भीड़भाड़ वाले और अगलगी की आशंका वाले स्थानों पर मॉक ड्रिल एवं जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। इनके माध्यम से लोगों को आग लगने की स्थिति में तत्काल बचाव के उपाय और जरूरी सावधानियों की जानकारी दी जा रही है।

जिले में उपलब्ध हैं 33 अग्निशमन वाहन

जिला अग्निशमन पदाधिकारी ने बताया कि गयाजी जिले में कुल 33 अग्निशमन वाहन उपलब्ध हैं। इन वाहनों को जिले के विभिन्न अनुमंडलों में जरूरत और संवेदनशीलता के आधार पर तैनात किया गया है। बोधगया में पांच और शेरघाटी में लगभग आठ अग्निशमन वाहन उपलब्ध हैं। इसके अतिरिक्त फायर बाइक सहित अन्य संसाधनों का भी इस्तेमाल किया जा रहा है।

आम लोगों से सावधानी बरतने की अपील

अग्निशमन विभाग ने दीपावली के दौरान आम लोगों से सुरक्षित तरीके से पटाखे जलाने की अपील की है। विभाग ने कहा है कि पटाखे हमेशा खुले और सुरक्षित स्थानों पर ही जलाएं। बच्चों को पटाखे जलाते समय अकेला न छोड़ें और उन पर विशेष निगरानी रखें। घरों एवं दुकानों में ज्वलनशील पदार्थों को पटाखों से दूर रखें। साथ ही एहतियात के तौर पर पानी और बालू की व्यवस्था भी रखें।

जिला अग्निशमन पदाधिकारी ज्योति प्रकाश ने कहा कि विभाग का प्रयास है कि दीपावली और छठ के दौरान किसी भी आपात स्थिति में त्वरित कार्रवाई कर लोगों की जान-माल की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके। इसके लिए सभी अग्निशमन कर्मियों को अलर्ट रहने का निर्देश दिया गया है।

जिला अग्निशमन कार्यालय में तैयार खड़ी दमकल की गाड़ियां

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