गांधी मैदान में LIB और स्वामी राघवेंद्राचार्य त्रिदंडी आयुर्वेद महाविद्यालय के संयुक्त तत्वावधान में निःशुल्क चिकित्सा शिविर शुरू
आर्यावर्त वाणी | गयाजी | 26 सितंबर 2026
गयाजी: पितृपक्ष मेला के दौरान गांधी मैदान में स्वामी राघवेंद्राचार्य त्रिदंडी आयुर्वेद महाविद्यालय एवं चिकित्सालय और (LIB) लेट्स इंस्पायर बिहार, गयाजी अध्याय के संयुक्त तत्वावधान में भव्य निःशुल्क चिकित्सा शिविर शुरू किया गया। शिविर में आम लोगों को स्वास्थ्य परीक्षण, चिकित्सकीय परामर्श और आवश्यक मार्गदर्शन उपलब्ध कराया जा रहा है। कार्यक्रम का उद्घाटन मगध प्रमंडल के आईजी विकास वैभव ने किया।
स्वास्थ्य जांच के साथ आयुर्वेद के प्रति किया जा रहा जागरूक
शिविर का उद्देश्य जरूरतमंद लोगों को निःशुल्क स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के साथ आयुर्वेदिक चिकित्सा पद्धति और स्वस्थ जीवनशैली के प्रति जागरूक करना है। शिविर में विभिन्न स्वास्थ्य समस्याओं को लेकर आने वाले लोगों की चिकित्सकों द्वारा जांच की जा रही है और उनकी समस्या के अनुसार आवश्यक चिकित्सकीय परामर्श दिया जा रहा है।
आयोजकों के अनुसार, आयुर्वेद के माध्यम से रोगों के उपचार के साथ संतुलित दिनचर्या और स्वस्थ जीवनशैली के महत्व को भी लोगों तक पहुंचाने का प्रयास किया जा रहा है।
जनसेवा को बताया सामूहिक जिम्मेदारी
उद्घाटन समारोह के दौरान वक्ताओं ने कहा कि समाज के जरूरतमंद लोगों तक स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाना सामूहिक सामाजिक जिम्मेदारी है। ऐसे शिविरों के माध्यम से लोगों को समय पर स्वास्थ्य संबंधी सलाह और प्राथमिक चिकित्सकीय मार्गदर्शन उपलब्ध कराया जा सकता है।
वक्ताओं ने आयुर्वेद को स्वस्थ जीवनशैली से जोड़ते हुए भारतीय चिकित्सा परंपरा के संरक्षण और इसके प्रति लोगों में जागरूकता बढ़ाने की आवश्यकता पर भी जोर दिया।
गणमान्य लोगों की रही मौजूदगी
उद्घाटन समारोह में आयुर्वेद महाविद्यालय के अध्यक्ष शिव कैलाश डालमिया, कौशलेंद्र प्रताप सिंह समेत शहर के चिकित्सक, समाजसेवी और गणमान्य नागरिक मौजूद रहे।
महाविद्यालय की ओर से डॉ. रविकांत, डॉ. उपेंद्र और डॉ. वरुण ने शिविर में सहभागिता की। वहीं लेट्स इंस्पायर बिहार, गयाजी अध्याय के मुख्य समन्वयक समीर खान के अलावा टिबलू बाबू, अनिल स्वामी, विनय जैन, विजय शर्मा और सैफ खान सहित अन्य लोग भी उपस्थित रहे।
आयोजकों ने बताया कि शिविर के माध्यम से अधिक से अधिक लोगों तक स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाने और उन्हें स्वस्थ जीवनशैली के प्रति जागरूक करने का प्रयास किया जा रहा है।
