कृषि विज्ञान केंद्र मानपुर में मनाया जाएगा प्रधानमंत्री किसान उत्सव दिवस, किसानों को मिलेगी सम्मान निधि की 23वीं किस्त
आर्यावर्त वाणी | गयाजी | 19 जून 2026,
गयाजी: शनिवार 20 जून 2026 को प्रधानमंत्री किसान उत्सव दिवस के अवसर पर कृषि विज्ञान केंद्र, मानपुर में विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया जा रहा है। इस दौरान प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि (पीएम-किसान) योजना की 23वीं किस्त के हस्तांतरण का जीवंत प्रसारण (लाइव टेलीकास्ट) किया जाएगा। साथ ही किसानों के लिए ‘खेत बचाओ अभियान’ के तहत प्रशिक्षण कार्यक्रम भी आयोजित होगा।
केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी होंगे मुख्य अतिथि
कार्यक्रम में केंद्रीय सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम मंत्री जीतन राम मांझी मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे। उनके साथ कृषि विभाग के अधिकारी, कृषि वैज्ञानिक, जनप्रतिनिधि एवं जिले के किसान भी उपस्थित रहेंगे।
प्रधानमंत्री करेंगे 23वीं किस्त का हस्तांतरण
कार्यक्रम के दौरान नरेंद्र मोदी पश्चिम बंगाल के तारकेश्वर से प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के तहत देशभर के 9 करोड़ से अधिक पात्र किसानों के बैंक खातों में प्रत्यक्ष लाभ अंतरण (DBT) के माध्यम से 2,000 रुपये की 23वीं किस्त जारी करेंगे। इसका सीधा प्रसारण कृषि विज्ञान केंद्र, मानपुर में उपस्थित किसानों को दिखाया जाएगा।
‘खेत बचाओ अभियान’ पर मिलेगा विशेष प्रशिक्षण
कार्यक्रम के अंतर्गत किसानों को ‘खेत बचाओ अभियान’ के तहत मृदा स्वास्थ्य प्रबंधन, संतुलित उर्वरक उपयोग, प्राकृतिक खेती, जैविक कृषि, प्राकृतिक कृषि आदानों के प्रयोग, जल संरक्षण तथा जलवायु अनुकूल कृषि तकनीकों की विस्तृत जानकारी दी जाएगी। कृषि विशेषज्ञ किसानों को आधुनिक एवं टिकाऊ खेती के तौर-तरीकों से भी अवगत कराएंगे।
किसान-वैज्ञानिक संवाद का होगा आयोजन
कार्यक्रम में कृषि वैज्ञानिकों और किसानों के बीच संवाद सत्र आयोजित किया जाएगा। इस दौरान किसान अपनी समस्याएं सीधे विशेषज्ञों के समक्ष रख सकेंगे। वैज्ञानिक खेती की लागत कम करने, उत्पादन बढ़ाने और नई तकनीकों के उपयोग से संबंधित सुझाव देंगे।
करीब 400 किसानों के शामिल होने की संभावना
आयोजकों के अनुसार कार्यक्रम में लगभग 400 किसानों के अलावा कृषि विभाग के पदाधिकारी, जनप्रतिनिधि, कृषि वैज्ञानिक तथा अन्य गणमान्य लोग भाग लेंगे। कार्यक्रम का उद्देश्य किसानों को सरकारी योजनाओं, नई कृषि तकनीकों और टिकाऊ खेती के प्रति जागरूक करना है।
