जहानाबाद में 1390 अनामांकित बच्चों के नामांकन का अभियान तेज, स्कूलों में हीट वेव और बाढ़ से बचाव के निर्देश
आर्यावर्त वाणी | जहानाबाद | 03 जून 2026,
जहानाबाद: बुधवार को जिला शिक्षा कार्यालय में जिला शिक्षा पदाधिकारी सरस्वती कुमारी की अध्यक्षता में एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में बच्चों के नामांकन, विद्यालय सुरक्षा, आपदा प्रबंधन और बुनियादी सुविधाओं को लेकर कई अहम निर्णय लिए गए। बैठक में जिले के सभी सात प्रखंडों के प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी, बीआरपी, केआरपी तथा अन्य संबंधित कर्मी उपस्थित रहे।
1390 अनामांकित बच्चों का जल्द होगा स्कूलों में नामांकन
बैठक में डोर-टू-डोर सर्वे के दौरान चिन्हित 1390 अनामांकित बच्चों के नामांकन की समीक्षा की गई। जिला शिक्षा पदाधिकारी ने निर्देश दिया कि सभी बच्चों का उनकी आयु के अनुरूप विद्यालयों में शीघ्र नामांकन सुनिश्चित किया जाए, ताकि कोई भी बच्चा शिक्षा से वंचित न रहे।
हीट वेव और बाढ़ से बचाव की तैयारी पर जोर
आगामी मौसम को देखते हुए विद्यालयों को हीट वेव और संभावित बाढ़ जैसी आपदाओं से निपटने के लिए तैयार रहने का निर्देश दिया गया। आपदा प्रबंधन के तहत सभी स्कूलों में मॉक ड्रिल आयोजित करने को कहा गया, ताकि विद्यार्थियों को आपात स्थिति में सुरक्षित रहने और आवश्यक कदम उठाने की जानकारी मिल सके।
सभी स्कूलों में ओआरएस और फर्स्ट एड किट अनिवार्य
छात्रों के स्वास्थ्य और सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए सभी विद्यालयों में ओआरएस तथा फर्स्ट एड किट की उपलब्धता सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया। साथ ही आपातकालीन चिकित्सा सहायता के लिए 108 नंबर को विद्यालय की दीवारों एवं सूचना पट्टों पर प्रमुखता से प्रदर्शित करने को कहा गया।
पेयजल और अग्नि सुरक्षा व्यवस्था दुरुस्त करने के निर्देश
जिला शिक्षा पदाधिकारी ने विद्यालयों में पेयजल व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए कंपोजिट ग्रांट का समुचित उपयोग सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। इसके अलावा सभी स्कूलों में अग्निशमन व्यवस्था सुदृढ़ करने और आवश्यक सुरक्षा उपायों को लागू करने पर बल दिया गया।
पौधारोपण और जागरूकता अभियान चलाने का निर्देश
बैठक में पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देने के लिए छात्रों से पौधारोपण कराने तथा विद्यालयों में आवश्यक जानकारियों को सूचना पट्ट पर प्रदर्शित करने का निर्देश दिया गया। साथ ही शिक्षा, सुरक्षा और आपदा प्रबंधन से जुड़े संदेशों के व्यापक प्रचार-प्रसार के लिए नुक्कड़ नाटक एवं अन्य जागरूकता कार्यक्रम आयोजित करने पर जोर दिया गया।
शिक्षा और सुरक्षा दोनों पर विशेष फोकस
जिला शिक्षा पदाधिकारी ने कहा कि बच्चों का शत-प्रतिशत नामांकन, गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और सुरक्षित विद्यालयी वातावरण सुनिश्चित करना विभाग की प्राथमिकता है। सभी अधिकारियों को इन निर्देशों का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करने को कहा गया।
