बोधगया में ओडिया फिल्म ‘जीवनदान’ की विशेष स्क्रीनिंग, दर्शकों ने सराहा मानवीय संवेदनाओं से भरपूर कथानक
आर्यावर्त वाणी | गयाजी / बोधगया | 26 अप्रैल 2026
गयाजी/बोधगया; सेंट्रल यूनिवर्सिटी ऑफ साउथ बिहार (सीयूएसबी) के समाजशास्त्रीय अध्ययन विभाग की प्रो. समापिका मोहपात्रा द्वारा निर्मित ओडिया-हिंदी फीचर फिल्म ‘जीवनदान’ की विशेष स्क्रीनिंग बोधगया के टीआईसी मॉल स्थित एमीयूज एरीना सिनेमा हॉल में आयोजित की गई। इस आयोजन का उद्देश्य छात्रों, शिक्षकों और आम दर्शकों को एक सार्थक और सामाजिक संदेश देने वाली फिल्म से जोड़ना था।
दर्शकों में दिखा उत्साह
प्रो. मोहपात्रा ने बताया कि इस विशेष प्रदर्शन में छात्रों, प्राध्यापकों के साथ-साथ स्थानीय लोगों ने भी बड़ी संख्या में भाग लिया। विभिन्न राज्यों से आए दर्शकों की मौजूदगी ने कार्यक्रम को सांस्कृतिक विविधता का अनूठा स्वरूप प्रदान किया।
अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मिली पहचान
फिल्म ‘जीवनदान द रिवाइवल’ को ‘तमिझगम इंटरनेशनल फिल्म फेस्टिवल 2026’ में सर्वश्रेष्ठ भारतीय फीचर फिल्म का प्रतिष्ठित पुरस्कार मिल चुका है। इसके साथ ही फिल्म को ‘कोडाइकनाल इंटरनेशनल फिल्म फेस्टिवल’ के लिए भी आधिकारिक चयन प्राप्त हुआ है, जिससे इसकी अंतरराष्ट्रीय पहचान और मजबूत हुई है।
कहानी और निर्माण की विशेषता
सौरव सरकार के निर्देशन में बनी यह 93 मिनट की फिल्म प्रख्यात लेखक राधामोहन महापात्रा के उपन्यास पर आधारित है। ओड़िया और हिंदी भाषा में निर्मित इस फिल्म को अंग्रेजी सबटाइटल्स के साथ प्रस्तुत किया गया, जिससे यह विभिन्न भाषाई पृष्ठभूमि के दर्शकों के लिए सुलभ हो सकी। फिल्म की कहानी मानवीय संवेदनाओं और सामाजिक चेतना पर आधारित है।
पहले भी सिनेमाघरों में हो चुकी है रिलीज
यह फिल्म 6 फरवरी 2026 को सिनेमाघरों में रिलीज हो चुकी है और भुवनेश्वर, कटक एवं बरहामपुर जैसे शहरों के प्रमुख मल्टीप्लेक्स में प्रदर्शित की जा चुकी है, जहां इसे दर्शकों और समीक्षकों से सकारात्मक प्रतिक्रिया मिली थी।
