कई मामलों में वांछित भूमि कब्जा मामले का आरोपी गिरफ्तार, डोभी पुलिस की कार्रवाई
आर्यावर्त वाणी | गयाजी | 26 अगस्त 2026
गयाजी: जिले में अवैध भूमि कब्जा कारोबार में संलिप्त लोगों और भूमि माफियाओं के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत डोभी पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। वरीय पुलिस अधीक्षक के निर्देशन में चलाए जा रहे अभियान के दौरान डोभी थाना पुलिस ने कई मामलों में फरार चल रहे एक नामजद अभियुक्त को गिरफ्तार किया है।
डोभी मोड़ के पास पुलिस को देखकर भागने लगा आरोपी
पुलिस के अनुसार, 25 अगस्त को डोभी थानाध्यक्ष को सूचना मिली कि डोभी थाना कांड संख्या 163/26 में नामजद तथा अन्य मामलों में फरार चल रहा अभियुक्त डोभी मोड़ के आसपास देखा गया है। सूचना के आधार पर अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी, शेरघाटी-02 के नेतृत्व में विशेष टीम गठित की गई।
विशेष टीम जब डोभी मोड़ के पास पहुंची तो पुलिस बल को देखते ही एक व्यक्ति भागने का प्रयास करने लगा। पुलिसकर्मियों ने पीछा कर उसे पकड़ लिया। पूछताछ में उसकी पहचान सुरेन्द्र कुमार सुमन उर्फ भगत यादव, पिता भीमदेव यादव, निवासी सिंह पोखर, वर्तमान थाना डोभी, जिला गयाजी के रूप में हुई।
भूमि कब्जा मामले में थी तलाश
पुलिस के मुताबिक 15 जुलाई 2026 को राजस्व गांव बजौरा में भूमि माफियाओं द्वारा अवैध रूप से जमीन पर कब्जा किए जाने की सूचना मिली थी। इस संबंध में लिखित आवेदन के आधार पर डोभी थाना कांड संख्या 163/26 दर्ज कर जांच शुरू की गई थी।
अनुसंधान के दौरान सुरेन्द्र कुमार सुमन उर्फ भगत यादव की संलिप्तता सामने आने के बाद पुलिस उसकी गिरफ्तारी के लिए लगातार प्रयास कर रही थी। इसी क्रम में उसे गिरफ्तार किया गया।
आरोपी के खिलाफ पहले से दर्ज हैं कई मामले
पुलिस के अनुसार गिरफ्तार अभियुक्त का आपराधिक इतिहास भी सामने आया है। अब तक प्राप्त जानकारी के अनुसार उसके खिलाफ डोभी थाना क्षेत्र में वर्ष 2008 से 2024 के बीच सात मामले दर्ज हैं। इनमें मारपीट, सरकारी कार्य में बाधा, हत्या के प्रयास, आर्म्स एक्ट, रंगदारी, चोरी, धोखाधड़ी, जालसाजी सहित विभिन्न धाराओं के मामले शामिल हैं।
अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी जारी
पुलिस ने बताया कि भूमि कब्जा मामले में संलिप्त अन्य अभियुक्तों की गिरफ्तारी के लिए भी लगातार छापेमारी की जा रही है। कार्रवाई में डोभी थाना पुलिस के साथ तकनीकी शाखा, गयाजी के पुलिस पदाधिकारी एवं कर्मी भी शामिल रहे।
भूमि विवाद और अवैध कब्जे के मामलों में पुलिस का यह अभियान महत्वपूर्ण माना जा रहा है, क्योंकि जमीन पर अवैध कब्जे को लेकर होने वाले विवाद कई बार गंभीर आपराधिक घटनाओं का कारण बनते हैं। ऐसे मामलों में पुलिस की त्वरित कार्रवाई से न केवल आरोपियों पर दबाव बढ़ेगा, बल्कि जमीन से जुड़े विवादों में कानून का भय भी कायम होगा।
