किलकारी में अग्निशमन मॉकड्रिल प्रशिक्षण आयोजित, बच्चों को सिखाए गए आग से बचाव के गुर
आर्यावर्त वाणी | गयाजी | 14 जून 2026,
गयाजी: शहर के किलकारी बिहार बाल भवन, गेवाल बिगहा परिसर में रविवार को अग्निशमन मॉकड्रिल प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। प्रशिक्षण का उद्देश्य बच्चों, प्रशिक्षकों एवं कर्मचारियों को आग लगने की स्थिति में सुरक्षित बचाव, प्राथमिक उपचार तथा आपदा प्रबंधन की जानकारी प्रदान करना था।
फायर एक्सटिंग्विशर के उपयोग का कराया गया व्यवहारिक अभ्यास
प्रशिक्षण के दौरान अग्निशमन विभाग के अधिकारियों ने आग लगने के कारणों, उससे बचाव के उपायों तथा अग्निशामक यंत्र (फायर एक्सटिंग्विशर) के सही उपयोग की विस्तृत जानकारी दी। मॉकड्रिल के माध्यम से प्रतिभागियों को आपातकालीन परिस्थितियों में सुरक्षित निकासी, त्वरित प्रतिक्रिया एवं बचाव कार्यों का व्यवहारिक प्रशिक्षण भी दिया गया।
बच्चों में सुरक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाना मुख्य उद्देश्य
किलकारी के प्रमंडल कार्यक्रम समन्वयक राजीव रंजन श्रीवास्तव ने कहा कि प्रत्येक व्यक्ति को अग्नि सुरक्षा संबंधी जानकारी होना आवश्यक है ताकि आपात स्थिति में वह स्वयं और दूसरों की सुरक्षा कर सके। उन्होंने बताया कि इस प्रकार के प्रशिक्षण बच्चों में जागरूकता बढ़ाने और उन्हें जिम्मेदार नागरिक बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
दुर्घटना के समय सही निर्णय लेने की दी गई सीख
प्रमंडल संसाधन सेवी सोनम कुमारी ने कहा कि मॉकड्रिल लोगों को दुर्घटना के समय घबराने के बजाय सही निर्णय लेने के लिए तैयार करती है। बच्चों को व्यवहारिक प्रशिक्षण देकर सुरक्षा के प्रति जागरूक बनाना किलकारी की प्राथमिकताओं में शामिल है।
अग्निशमन विभाग की टीम रही मौजूद
कार्यक्रम में सब ऑफिसर जयप्रकाश सिंह, प्रधान अग्निक धर्मेन्द्र पासवान, अग्नि चालक शिव शंकर कुमार, अमरनाथ कुमार, राजेश रंजन, शिवेश कुमार, नीलम कुमारी एवं राजू सिंह सहित अग्निशमन विभाग की टीम उपस्थित रही। इसके अलावा किलकारी के सहायक कार्यक्रम पदाधिकारी, सहायक लेखा पदाधिकारी, प्रमंडल संसाधन सेवी तथा अन्य कर्मियों ने भी कार्यक्रम में भाग लिया।
“सजग रहें, सुरक्षित रहें, जीवन बचाएं” का दिया संदेश
कार्यक्रम के अंत में सभी प्रतिभागियों से अग्नि सुरक्षा संबंधी नियमों का पालन करने का आग्रह किया गया। “सजग रहें, सुरक्षित रहें, जीवन बचाएं” के संदेश के साथ प्रशिक्षण कार्यक्रम का सफल समापन हुआ।
