जलवायु संरक्षण और युवा सहभागिता को बढ़ावा देने पर सीयूएसबी-यूनिसेफ के बीच चर्चा
आर्यावर्त वाणी | गयाजी | 02 नवम्बर 2026,
गयाजी। जलवायु परिवर्तन के प्रति जागरूकता, पर्यावरण संरक्षण और सामुदायिक विकास में युवाओं की भागीदारी बढ़ाने को लेकर यूनिसेफ बिहार के प्रतिनिधिमंडल ने दक्षिण बिहार केंद्रीय विश्वविद्यालय (सीयूएसबी) के कुलपति प्रो. कामेश्वर नाथ सिंह से मुलाकात की। इस दौरान विश्वविद्यालय और यूनिसेफ के बीच जारी साझेदारी को और मजबूत बनाने तथा सहयोग की नई संभावनाओं पर चर्चा हुई।
प्रतिनिधिमंडल में यूनिसेफ के वॉश विशेषज्ञ डॉ. प्रभाकर सिन्हा, पोषण विशेषज्ञ डॉ. अंतर्यामी दास और वॉश विशेषज्ञ सुधाकर रेड्डी शामिल थे। इस अवसर पर सीयूएसबी के पर्यावरण विज्ञान विभाग के एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. प्रशांत भी मौजूद रहे।
कुलपति प्रो. सिंह ने विश्वविद्यालय परिसर में पर्यावरण संरक्षण और सतत विकास के लिए किए जा रहे प्रयासों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि परिसर को हरित एवं जल-समृद्ध बनाने के साथ कृषि गतिविधियों को भी बढ़ावा दिया जा रहा है। यहां अपशिष्ट जल शोधन संयंत्र, सौर ऊर्जा सुविधाएं और जल पुनर्चक्रण की व्यवस्था है। साथ ही, परिसर को प्लास्टिक मुक्त रखने के लिए भी प्रयास किए जा रहे हैं।
बैठक में युवाओं को जलवायु परिवर्तन की चुनौतियों से जोड़ने के लिए ‘यूथ ब्रिगेड फॉर क्लाइमेट एक्शन’ गठित करने की परिकल्पना पर भी चर्चा हुई। इसका उद्देश्य युवाओं को जागरूकता अभियान, सामुदायिक सहभागिता और पर्यावरण संरक्षण से जुड़ी गतिविधियों में सक्रिय भागीदार बनाना है। कुलपति ने जोर दिया कि सीयूएसबी और यूनिसेफ की साझेदारी को ठोस एवं परिणामोन्मुखी कार्यों में बदलने की जरूरत है।
इस मुलाकात से जलवायु अनुकूलन, प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण और युवा नेतृत्व को प्रोत्साहित करने की दिशा में दोनों संस्थानों के संयुक्त प्रयासों को नई गति मिलने की उम्मीद है।
