दारोगा पिंटू सिंह के परिवार से मिले केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी, दोषियों को कठोर सजा दिलाने की कही बात
आर्यावर्त वाणी | गयाजी | 23 अक्टूबर 2026,
गयाजी। मुफस्सिल थाना क्षेत्र के नौरंगा में दारोगा सुधांशु उर्फ पिंटू सिंह के दो बेटों पर हुई गोलीबारी की घटना के बाद पीड़ित परिवार से मिलने केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी जेठियन गांव पहुंचे। उन्होंने शोकाकुल परिजनों से मुलाकात कर उन्हें सांत्वना दी और इस घटना में शामिल दोषियों के खिलाफ शीघ्र कार्रवाई कर कठोर सजा दिलाने की बात कही।
केंद्रीय मंत्री ने इस मुलाकात की जानकारी साझा करते हुए बताया कि उन्होंने पीड़ित परिवार से मिलकर उनका दुख साझा किया। उन्होंने वरीय पदाधिकारियों से वार्ता कर मामले में दोषियों की जल्द गिरफ्तारी सुनिश्चित कराने और स्पीडी ट्रायल के माध्यम से उन्हें कठोर सजा दिलाने की बात कही।
गोलीबारी में एक बेटे की मौत, दूसरा गंभीर रूप से घायल
गौरतलब है कि बीते 19 अक्टूबर को गयाजी के मुफस्सिल थाना क्षेत्र के नौरंगा में दारोगा सुधांशु उर्फ पिंटू सिंह के दो बेटों पर अपराधियों ने गोलीबारी की थी। इस घटना में रानू शेखर की मौत हो गई, जबकि मोनू शेखर गंभीर रूप से घायल हो गए। घायल मोनू का पटना के एक अस्पताल में इलाज चल रहा है।
घटना के बाद से ही इलाके में इस वारदात को लेकर चर्चा है। पुलिस मामले की जांच करते हुए आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार कार्रवाई कर रही है।
पुलिस मुठभेड़ में दो आरोपी घायल
इस हत्याकांड के सिलसिले में पुलिस ने कार्रवाई के दौरान मुफस्सिल थाना क्षेत्र के बिच्छी गांव के पास दो आरोपियों को पकड़ने की कोशिश की थी। पुलिस के अनुसार, इस दौरान आरोपियों की ओर से फायरिंग की गई, जिसके बाद पुलिस और एसटीएफ की जवाबी कार्रवाई में दोनों के पैरों में गोली लगी। घायल आरोपियों को इलाज के लिए मगध मेडिकल अस्पताल में भर्ती कराया गया। पुलिस मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई कर रही है और अन्य आरोपियों की भूमिका की जांच भी जारी है।
स्पीडी ट्रायल के जरिए सजा दिलाने की मांग
केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी ने पीड़ित परिवार से मुलाकात के बाद वरीय अधिकारियों से बात कर दोषियों की शीघ्र गिरफ्तारी और स्पीडी ट्रायल के जरिए कठोर सजा दिलाने की बात कही। स्पीडी ट्रायल का उद्देश्य मामले की सुनवाई में तेजी लाना है, ताकि कानूनी प्रक्रिया के तहत जल्द निर्णय हो सके।
अब इस मामले में पुलिस की जांच, शेष आरोपियों की गिरफ्तारी और न्यायिक प्रक्रिया पर नजर बनी हुई है। पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने की मांग के बीच यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि जांच और सुनवाई आगे किस दिशा में बढ़ती है।
