मानव तस्करी के विरुद्ध विश्व दिवस पर गयाजी समाहरणालय से तीन दिवसीय जन-जागरूकता रथ अभियान का शुभारंभ
आर्यावर्त वाणी | गयाजी | 30 जुलाई 2026,
गयाजी: मानव तस्करी के विरुद्ध विश्व दिवस के अवसर पर गयाजी समाहरणालय परिसर से मानव तस्करी एवं बंधुआ मजदूरी के खिलाफ तीन दिवसीय जन-जागरूकता रथ अभियान की शुरुआत की गई। जिला पदाधिकारी शशांक शुभंकर ने हरी झंडी दिखाकर जागरूकता रथ को रवाना किया। यह अभियान अदिथि संस्था द्वारा जिला प्रशासन के सहयोग से संचालित किया जा रहा है।
तीन दिनों तक गांव-गांव पहुंचेगा जागरूकता रथ
अभियान के तहत जागरूकता रथ अगले तीन दिनों तक जिले के विभिन्न प्रखंडों, पंचायतों एवं संवेदनशील क्षेत्रों का भ्रमण करेगा। इस दौरान लोगों को मानव तस्करी, बंधुआ मजदूरी, बाल श्रम, सुरक्षित पलायन, कानूनी अधिकारों तथा सरकारी सहायता एवं शिकायत तंत्र की जानकारी दी जाएगी। साथ ही नागरिकों को संदिग्ध गतिविधियों की पहचान कर समय पर प्रशासन को सूचना देने के लिए भी प्रेरित किया जाएगा।
जनसहभागिता से ही रुकेगी मानव तस्करी
जिला प्रशासन ने कहा कि मानव तस्करी जैसी गंभीर सामाजिक बुराई पर प्रभावी नियंत्रण के लिए समाज के प्रत्येक व्यक्ति की भागीदारी आवश्यक है। अभियान का उद्देश्य लोगों को जागरूक, संवेदनशील और जिम्मेदार बनाना है, ताकि कमजोर एवं वंचित वर्गों को शोषण से बचाया जा सके।
‘मानव गरिमा पर सीधा हमला है मानव तस्करी‘
अदिथि संस्था के जिला कार्यक्रम प्रबंधक शत्रुधन दास ने कहा कि मानव तस्करी केवल एक अपराध नहीं, बल्कि मानव गरिमा और मानवाधिकारों पर सीधा आघात है। उन्होंने कहा कि जन-जागरूकता और सामुदायिक सतर्कता ही इस अपराध के खिलाफ सबसे प्रभावी हथियार हैं। लोगों को झूठे रोजगार के प्रलोभनों और संदिग्ध गतिविधियों से सतर्क रहने तथा ऐसी किसी भी घटना की जानकारी तत्काल संबंधित अधिकारियों को देने की अपील की गई।
सुरक्षित और शोषण-मुक्त समाज बनाने का आह्वान
कार्यक्रम के अंत में जिला प्रशासन एवं अदिथि संस्था के प्रतिनिधियों ने आम नागरिकों से मानव तस्करी एवं बंधुआ मजदूरी जैसी सामाजिक बुराइयों के उन्मूलन में सक्रिय सहयोग करने की अपील की। उन्होंने कहा कि जागरूक समाज और सामुदायिक सहभागिता के माध्यम से ही सुरक्षित, सम्मानजनक और न्यायपूर्ण समाज का निर्माण संभव है।
