सीयूएसबी में टीडीएस और नए आयकर अधिनियम 2025 पर कार्यशाला, विशेषज्ञों ने दी महत्वपूर्ण जानकारी

0
IMG-20260322-WA0009.jpg
Spread the love

आर्यावर्त वाणी | गयाजी | 22 मार्च 2026,

गयाजी। दक्षिण बिहार केंद्रीय विश्वविद्यालय (सीयूएसबी) के प्रबंधन संकाय के अंतर्गत वाणिज्य एवं व्यवसाय अध्ययन विभाग द्वारा आयकर विभाग (टीडीएस सर्कल, पटना) के संयुक्त तत्वावधान में “टीडीएस से संबंधित मुद्दे तथा नया आयकर अधिनियम, 2025” विषय पर कार्यशाला-सह-जनजागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का आयोजन विश्वविद्यालय के विवेकानंद सभागार में किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में शिक्षक, अधिकारी और विद्यार्थी शामिल हुए।

कुलपति के नेतृत्व में कार्यक्रम की शुरुआत

कार्यक्रम की शुरुआत कुलपति कामेश्वर नाथ सिंह के नेतृत्व में हुई। वाणिज्य एवं व्यवसाय अध्ययन विभाग के विभागाध्यक्ष एवं डीन सुब्रह्मण्यम षणमुगम ने स्वागत भाषण देते हुए कहा कि ऐसे कार्यक्रम अकादमिक जगत और प्रशासनिक संस्थाओं के बीच समन्वय को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।

टीडीएस और नए आयकर कानून पर विशेषज्ञों का व्याख्यान

कार्यक्रम में मुख्य वक्ता के रूप में आयकर विभाग के सहायक आयुक्त राज गौरव ने टीडीएस से जुड़े विभिन्न पहलुओं के साथ-साथ नए आयकर अधिनियम 2025 के प्रमुख प्रावधानों, लाभों और महत्व पर विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने “नज अभियान” की अवधारणा को स्पष्ट करते हुए करदाताओं के बीच स्वैच्छिक कर अनुपालन को बढ़ावा देने पर जोर दिया।

व्यावहारिक प्रक्रिया को सरल तरीके से समझाया

इसके बाद आयकर अधिकारी महेश कुमार राव ने टीडीएस की व्यावहारिक कार्यप्रणाली को सरल और प्रभावी तरीके से समझाया, जिससे प्रतिभागियों को वास्तविक प्रक्रियाओं की स्पष्ट जानकारी मिली। वहीं चार्टर्ड अकाउंटेंट अंकित कुमार ने आयकर अधिनियम के विधिक प्रावधानों पर प्रकाश डालते हुए नए आयकर अधिनियम 2025 और पुराने आयकर अधिनियम 1961 के बीच प्रमुख अंतर स्पष्ट किए।

विश्वविद्यालय के कई अधिकारी और शिक्षक रहे उपस्थित

कार्यक्रम में विश्वविद्यालय के विभिन्न विभागों के विभागाध्यक्ष, डीन, शिक्षकगण और प्रशासनिक अधिकारी उपस्थित रहे। इनमें वित्त अधिकारी रश्मि त्रिपाठी, परीक्षा नियंत्रक शांति गोपाल पाइन, प्रो. बृजेश कुमार, डॉ. राजनारायणन, प्रो. कृष्णन चालिल, प्रो. विपिन सिंह, प्रो. किरण कुमारी, डॉ. पावस कुमार, डॉ. प्रदीप राम और उप-कुलसचिव प्रतिश दास सहित कई अन्य गणमान्य लोग शामिल थे।

ज्ञानवर्धक चर्चा के साथ कार्यक्रम का समापन

कार्यक्रम के दौरान प्रतिभागियों की सक्रिय सहभागिता और सार्थक विचार-विमर्श ने इसे अत्यंत ज्ञानवर्धक बना दिया। अंत में कार्यक्रम समन्वयक सहायक प्राध्यापिका रेनू ने धन्यवाद ज्ञापन करते हुए सभी अतिथियों, आयोजकों और प्रतिभागियों के प्रति आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम का संचालन वाणिज्य एवं व्यवसाय अध्ययन विभाग की शोधार्थी अमृता सिंह और ऐश्वर्या ने किया, जबकि छात्रों अभिषेक, पारिजात, ईशा, गौतम और अर्चित ने आयोजन को सफल बनाने में महत्वपूर्ण योगदान दिया।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You cannot copy content of this page