गयाजी में मानव तस्करी और ट्रॉमा-इन्फॉर्म्ड केयर पर संवेदनशीलता कार्यक्रम आयोजित
आर्यावर्त वाणी | गयाजी | 23 मई 2026,
गयाजी: जिला विधिक सेवा प्राधिकार के सभाकक्ष में शनिवार को “यौन तस्करी से निपटने में सर्वाइवर केयर एवं ट्रॉमा-इन्फॉर्म्ड अप्रोच” विषय पर एक विशेष संवेदनशीलता कार्यक्रम आयोजित किया गया। यह कार्यक्रम बिहार राज्य विधिक सेवा प्राधिकार, पटना के निर्देशानुसार तथा प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश सह अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकार प्रदीप कुमार मलिक के निर्देश पर आयोजित हुआ।
DASHRA के सहयोग से हुआ आयोजन
कार्यक्रम का आयोजन Dalit Association for Social and Human Rights Awareness (DASHRA) द्वारा जिला विधिक सेवा प्राधिकार, गयाजी के सहयोग से किया गया। प्रशिक्षण कार्यक्रम में लगभग 50 प्रतिभागियों ने भाग लिया, जिनमें पैनल अधिवक्ता, पीएलवी एवं पॉक्सो लोक अभियोजक शामिल थे।
दीप प्रज्ज्वलित कर हुआ उद्घाटन
कार्यक्रम का उद्घाटन जिला विधिक सेवा प्राधिकार, गयाजी के सचिव अरविंद कुमार दास एवं अन्य गणमान्य अतिथियों द्वारा दीप प्रज्ज्वलित कर किया गया। इस अवसर पर सचिव ने प्रतिभागियों को मानव तस्करी और विशेष रूप से सेक्स ट्रैफिकिंग एवं पॉक्सो मामलों को गंभीरता से समझने की आवश्यकता पर बल दिया।
विशेषज्ञों ने साझा किए कानूनी और सामाजिक पहलू
कार्यक्रम में न्याय नेटवर्क से अधिवक्ता राजन शाह एवं अधिवक्ता ताराकांत ऋषि के साथ DASHRA के प्रोग्राम मैनेजर नेफेश क्रिस्टन ने रिसोर्स पर्सन के रूप में भाग लिया। उन्होंने सर्वाइवर केयर, ट्रॉमा-इन्फॉर्म्ड प्रैक्टिसेज और सेक्स ट्रैफिकिंग से जुड़े मामलों में कानूनी हस्तक्षेपों पर विस्तृत जानकारी दी।
संवेदनशील और प्रभावी कार्यशैली पर जोर
इस प्रशिक्षण सत्र का उद्देश्य मानव तस्करी, सर्वाइवर-केंद्रित दृष्टिकोण और ट्रॉमा-इन्फॉर्म्ड केयर के प्रति प्रतिभागियों की समझ को मजबूत करना था। कार्यक्रम में इस बात पर विशेष जोर दिया गया कि अग्रिम पंक्ति में कार्यरत कानूनी हितधारक पीड़ितों के प्रति संवेदनशील एवं प्रभावी तरीके से कार्य करें, ताकि उन्हें न्याय और सहयोग बेहतर ढंग से मिल सके।
