9 घंटे बाद बोरवेल से सुरक्षित निकला मासूम आयुष, NDRF और प्रशासन के रेस्क्यू ऑपरेशन की बड़ी सफलता

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आर्यावर्त वाणी | गयाजी | 17 जुलाई 2026,

गयाजी: जिले के फतेहपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत रघुनाथ नगर (रंगु नगर) गांव में गुरुवार रात हुए दर्दनाक हादसे का सुखद अंत हुआ। चार वर्षीय मासूम आयुष खुले बोरवेल में गिर गया था, जिसे करीब 9 घंटे तक चले रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। बच्चे के सुरक्षित निकलने के बाद परिजनों, ग्रामीणों और प्रशासन ने राहत की सांस ली।

खेलते-खेलते बोरवेल में गिरा मासूम

बच्चे के पिता दिनेश मांझी के अनुसार गुरुवार की शाम करीब 6-7 बजे के करीब आयुष घर के बाहर खेल रहा था। इसी दौरान वह नल-जल योजना के लिए किए गए खुले बोरवेल में गिर गया। मासूम करीब 25 फीट की गहराई पर जाकर फंस गया।

पूरी रात चला रेस्क्यू ऑपरेशन

घटना की सूचना मिलते ही SDRF, NDRF, गयाजी पुलिस, जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग की टीम मौके पर पहुंच गई। फतेहपुर की अंचल अधिकारी अमिता सिन्हा और प्रखंड विकास पदाधिकारी शशि भूषण साहू ने स्वयं घटनास्थल पर पहुंचकर बचाव अभियान की निगरानी की।

रेस्क्यू के दौरान बच्चे तक लगातार ऑक्सीजन पहुंचाई गई। साथ ही जेसीबी मशीन से समानांतर गड्ढा खोदकर विशेषज्ञों ने सावधानीपूर्वक बचाव अभियान चलाया। पूरी रात चले अभियान के बाद सुबह करीब 3 बजे एनडीआरएफ की टीम ने आयुष को सुरक्षित बाहर निकाल लिया।

इसी बोरवेल में गिरा था मासूम

स्वस्थ है मासूम आयुष

रेस्क्यू के तुरंत बाद बच्चे को फतेहपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उसकी जांच की। अधिकारियों के अनुसार आयुष पूरी तरह स्वस्थ है और उसकी हालत खतरे से बाहर है।

खुले बोरवेल पर उठे सवाल

जानकारी के अनुसार यह बोरवेल नल-जल योजना के तहत कराया गया था। बोरिंग लगभग 300 फीट तक की गई थी, जिसमें शुरुआती 50 फीट तक 12 इंच और उसके बाद करीब 250 फीट तक 6 इंच की ड्रिलिंग की गई थी। घटना के बाद खुले बोरवेल को सुरक्षित नहीं किए जाने को लेकर सवाल उठने लगे हैं। स्थानीय लोगों ने मांग की है कि जिले में ऐसे सभी खुले बोरवेलों की तत्काल पहचान कर उन्हें सुरक्षित बंद कराया जाए, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।

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दोषियों पर निश्चित कार्रवाई होगी

वजीरगंज एसडीपीओ सुनील कुमार पाण्डे ने बताया कि घटना की सूचना पर NDRF और SDRF की टीम मौके पर पहुंच बचाव अभियान शुरू किया और बच्चे को सकुशल बाहर निकाला है। उन्होंने ये भी बताया कि जो भी इस घटना के लिए दोषी होंगे उन पर निश्चित कार्रवाई की जाएगी।

स्वास्थ्य केंद्र में इलाज के बाद मासूम

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