डीएम के नेतृत्व में जहानाबाद में मकर संक्रांति महोत्सव का भव्य आयोजन
आर्यावर्त वाणी | जहानाबाद | 14 जनवरी 2026,
जहानाबाद। जिला प्रशासन जहानाबाद एवं कला, संस्कृति एवं युवा विभाग, बिहार सरकार के संयुक्त तत्वावधान में बुधवार को स्थानीय गांधी मैदान, जहानाबाद में मकर संक्रांति महोत्सव, 2026 का भव्य आयोजन किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता जिला पदाधिकारी अनिल कुमार सिन्हा ने की। इस अवसर पर सांस्कृतिक कार्यक्रम, पतंगबाजी एवं मकर संक्रांति भोज का आयोजन किया गया।
दीप प्रज्वलन के साथ कार्यक्रम का शुभारंभ
कार्यक्रम की शुरुआत जिला पदाधिकारी एवं अन्य अतिथियों द्वारा दीप प्रज्वलन कर की गई। इसके पश्चात आगत अतिथियों का पौधा एवं शॉल भेंट कर स्वागत किया गया। राज्य संपोषित बालिका उच्च विद्यालय, जहानाबाद की छात्राओं द्वारा प्रस्तुत स्वागत गीत ने कार्यक्रम को गरिमामय स्वरूप प्रदान किया।

मकर संक्रांति के महत्व पर जिला पदाधिकारी का संबोधन
सांस्कृतिक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए जिला पदाधिकारी अनिल कुमार सिन्हा ने सर्वप्रथम जिलेवासियों को मकर संक्रांति की शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि मकर संक्रांति सूर्य के मकर राशि में प्रवेश और उत्तरायण की शुरुआत का प्रतीक है। यह पर्व प्रकृति, ऊर्जा और सकारात्मकता से जुड़ा हुआ है तथा समाज को आगे बढ़ने और बाधाओं को पार करने की प्रेरणा देता है।
विभिन्न पर्वों के रूप में मनाई जाती है मकर संक्रांति
जिला पदाधिकारी ने बताया कि मकर संक्रांति देश के विभिन्न राज्यों में अलग-अलग नामों से मनाई जाती है, जैसे तमिलनाडु में पोंगल, असम में माघ बिहू और गुजरात में उत्तरायण। इस अवसर पर लोग गंगा स्नान करते हैं, तिल-गुड़ से बने व्यंजन ग्रहण करते हैं और सूर्य देव की पूजा करते हैं।
पदाधिकारियों एवं जनप्रतिनिधियों ने दी शुभकामनाएं
महोत्सव के अवसर पर अपर समाहर्ता सह जिला लोक शिकायत निवारण पदाधिकारी राजीव कुमार, अपर समाहर्ता (विशेष कार्यक्रम) तेज नारायण राय, अपर समाहर्ता (विभागीय जांच) विनय कुमार सिंह, जिला कार्यक्रम कार्यान्वयन समिति के उपाध्यक्ष सागर कुमार उर्फ दिलीप कुशवाहा तथा जिला नागरिक परिषद के उपाध्यक्ष विनोद कुमार गुप्ता ने भी मकर संक्रांति की शुभकामनाएं दीं और पर्व के सामाजिक एवं सांस्कृतिक महत्व पर अपने विचार रखे।
पतंगबाजी कार्यक्रम ने बढ़ाया उत्साह
कार्यक्रम के दौरान सभी पदाधिकारियों एवं जनप्रतिनिधियों द्वारा सामूहिक रूप से पतंग उड़ाई गई। इस दौरान बच्चों को पतंग उड़ाने के महत्व के बारे में बताया गया। वक्ताओं ने कहा कि पतंगबाजी हमें प्रकृति के करीब लाती है और सूर्य की सकारात्मक ऊर्जा से जोड़ती है।
मकर संक्रांति भोज का आयोजन
कार्यक्रम के समापन पर चूड़ा, दही, तिलकुट आदि पारंपरिक व्यंजनों के साथ मकर संक्रांति भोज का आयोजन किया गया। इसमें जिला पदाधिकारी, वरीय अधिकारी, जनप्रतिनिधि, मीडिया प्रतिनिधि, कर्मीगण एवं आम नागरिकों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और पर्व को सामाजिक सौहार्द के साथ मनाया।

सांस्कृतिक एकता का संदेश
मकर संक्रांति महोत्सव, 2026 के माध्यम से जिले में सांस्कृतिक एकता, परंपरा और सामूहिक सहभागिता का सशक्त संदेश दिया गया, जिसे उपस्थित जनसमूह ने सराहा।