आगरा कैंट घटना के विरोध में गयाजी जंक्शन पर रेलवे कर्मचारियों का प्रदर्शन, आरपीएफ कर्मियों पर कार्रवाई की मांग
आर्यावर्त वाणी | गयाजी | 15 जुलाई 2026,
गयाजी: आगरा कैंट रेलवे स्टेशन पर 12 जुलाई को ड्यूटी पर तैनात डिप्टी स्टेशन सुपरिटेंडेंट (Dy. SS) के साथ कथित मारपीट और दुर्व्यवहार के विरोध में बुधवार को गया जंक्शन पर रेलवे कर्मचारियों ने विरोध प्रदर्शन किया। यह प्रदर्शन ऑल इंडिया रेलवे मेंस फेडरेशन एवं ईस्ट सेंट्रल रेलवे कर्मचारी यूनियन, हाजीपुर के आह्वान पर आयोजित किया गया।
गया जंक्शन स्थित डिप्टी स्टेशन सुपरिटेंडेंट कार्यालय के समक्ष आयोजित प्रदर्शन में स्टेशन अधीक्षक, स्टेशन मास्टर, पॉइंट्समैन सहित विभिन्न विभागों के रेल कर्मचारियों ने भाग लिया। प्रदर्शनकारियों ने एक स्वर में आगरा कैंट की घटना की निंदा करते हुए संबंधित आरपीएफ कर्मियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की मांग की।
क्या है पूरा मामला?
यूनियन के अनुसार, 12 जुलाई को आगरा कैंट स्टेशन पर एक महिला यात्री चलती ट्रेन में चढ़ने का प्रयास कर रही थी। ड्यूटी पर मौजूद डिप्टी स्टेशन सुपरिटेंडेंट ने उसकी सुरक्षा को देखते हुए ट्रेन मैनेजर के माध्यम से ट्रेन रुकवाने की व्यवस्था की। आरोप है कि इसके बावजूद आरपीएफ कर्मियों ने महिला पर चेन पुलिंग का मामला बताते हुए ₹1000 की वसूली की और रसीद भी नहीं दी।
यूनियन का दावा है कि जब डिप्टी स्टेशन सुपरिटेंडेंट ने इसका विरोध किया तो आरपीएफ के कुछ जवानों और अधिकारियों ने उनके साथ धक्का-मुक्की की, प्लेटफॉर्म से घसीटते हुए आरपीएफ पोस्ट ले गए और वहां उनके साथ मारपीट की। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद मामला चर्चा में आ गया।
रेलवे की छवि को नुकसान पहुंचने का आरोप
प्रदर्शन के दौरान वक्ताओं ने कहा कि इस घटना से रेलवे की अनुशासन व्यवस्था और सार्वजनिक छवि को गंभीर नुकसान पहुंचा है। उनका कहना था कि यात्रियों का रेलवे सुरक्षा व्यवस्था पर विश्वास बनाए रखने के लिए दोषी कर्मियों के विरुद्ध निष्पक्ष जांच और कठोर कार्रवाई आवश्यक है।
यूनियन ने बताया कि इस संबंध में रेल मंत्री और रेलवे बोर्ड के अध्यक्ष को भी पत्र भेजकर पूरे मामले से अवगत कराया गया है तथा दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग की गई है।
बड़ी संख्या में रेल कर्मचारी रहे मौजूद
प्रदर्शन में गया स्टेशन मैनेजर विनोद कुमार सिंह, ईस्ट सेंट्रल रेलवे कर्मचारी यूनियन के केंद्रीय कोषाध्यक्ष मिथिलेश कुमार, शाखा अध्यक्ष लक्ष्मण प्रसाद, शाखा सचिव मुकेश सिंह, संगठन मंत्री रविराज सहित स्टेशन अधीक्षक, स्टेशन मास्टर, पॉइंट्समैन और विभिन्न विभागों के अनेक रेल कर्मचारी शामिल हुए।
नोट: यह समाचार रेलवे कर्मचारी यूनियन द्वारा जारी प्रेस विज्ञप्ति और उसमें लगाए गए आरोपों पर आधारित है। इन आरोपों पर संबंधित आरपीएफ या रेलवे प्रशासन की आधिकारिक प्रतिक्रिया इस विज्ञप्ति में शामिल नहीं है।
