सीयूएसबी में प्राध्यापकों और कर्मचारियों के बच्चों के लिए ग्रीष्मकालीन खेल शिविर शुरू

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आर्यावर्त वाणी | गयाजी | 12 जून 2026,

गयाजी: दक्षिण बिहार केन्द्रीय विश्वविद्यालय (सीयूएसबी) के मिल्खा सिंह खेल परिसर में विश्वविद्यालय के प्राध्यापकों एवं कर्मचारियों के बच्चों के लिए ग्रीष्मकालीन खेल शिविर का शुभारंभ किया गया। कुलपति प्रो. कामेश्वर नाथ सिंह के मार्गदर्शन में आयोजित इस शिविर का उद्देश्य बच्चों के सर्वांगीण विकास, खेल संस्कृति को बढ़ावा देने तथा ग्रीष्मावकाश के दौरान उनकी ऊर्जा को सकारात्मक दिशा प्रदान करना है।

बास्केटबॉल, वॉलीबॉल और हॉकी का मिलेगा प्रशिक्षण

जनसंपर्क पदाधिकारी मोहम्मद मुदस्सीर आलम ने बताया कि शिविर में बच्चों को बास्केटबॉल, वॉलीबॉल और हॉकी जैसे खेलों का प्रशिक्षण दिया जाएगा। खेल गतिविधियों के माध्यम से बच्चों की शारीरिक क्षमता, मानसिक विकास और खेल कौशल को निखारने का प्रयास किया जा रहा है।

अनुभवी प्रशिक्षकों की देखरेख में होगा प्रशिक्षण

ग्रीष्मकालीन खेल शिविर का आयोजन विश्वविद्यालय के सहायक निदेशक (खेल) डॉ. जितेंद्र प्रताप सिंह के पर्यवेक्षण में किया जा रहा है। बास्केटबॉल प्रशिक्षण की जिम्मेदारी प्रशिक्षक अभिनव आनंद एवं सोनू कुमार को सौंपी गई है। वहीं वॉलीबॉल का प्रशिक्षण अनंत सांडिल्य और चंदन कुमार दे रहे हैं। हॉकी के प्रशिक्षण की जिम्मेदारी सहायक निदेशक जे.पी. सिंह एवं मोहित बरंगर निभा रहे हैं।

खेल से विकसित होते हैं अनुशासन और नेतृत्व के गुण

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उद्घाटन सत्र को संबोधित करते हुए विश्वविद्यालय की खेल एवं खेलकूद समिति के अध्यक्ष प्रो. प्रवीण कुमार सिंह ने कहा कि खेल केवल शारीरिक स्वास्थ्य को मजबूत नहीं बनाते, बल्कि अनुशासन, टीम भावना, नेतृत्व क्षमता और आत्मविश्वास के विकास में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने आशा व्यक्त की कि यह शिविर बच्चों में खेलों के प्रति रुचि विकसित करने के साथ-साथ भविष्य के उत्कृष्ट खिलाड़ियों को तैयार करने में भी सहायक सिद्ध होगा।

स्वस्थ जीवनशैली को बढ़ावा देने का प्रयास

विश्वविद्यालय प्रशासन ने इस पहल को बच्चों और उनके परिवारों के लिए सकारात्मक कदम बताते हुए कहा कि ऐसे कार्यक्रम बच्चों के समग्र व्यक्तित्व विकास और स्वस्थ जीवनशैली को प्रोत्साहित करते हैं। शिविर में भाग लेने वाले बच्चों और उनके अभिभावकों ने भी विश्वविद्यालय की इस पहल की सराहना करते हुए इसे उपयोगी एवं प्रेरणादायक बताया।

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