भाजपा कार्यालय में कर्पूरी ठाकुर की 102वीं जयंती भावपूर्ण ढंग से मनाई गई
आर्यावर्त वाणी | गयाजी | 24 जनवरी 2026,
गयाजी; भारतीय जनता पार्टी गयाजी शहर विधानसभा क्षेत्र के कार्यालय पिता महेश्वर में भारत रत्न से सम्मानित, जन-जन के नेता जननायक कर्पूरी ठाकुर की 102वीं जयंती समारोह भावपूर्ण एवं श्रद्धापूर्ण वातावरण में मनाया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता भाजपा जिला महामंत्री पप्पू सिंह ने की, जबकि संचालन मध्य मंडल के मंडल अध्यक्ष मनीष कुमार उर्फ सोनू ने किया।
चित्र पर माल्यार्पण से हुआ कार्यक्रम का शुभारंभ
समारोह का शुभारंभ कर्पूरी ठाकुर के तैलचित्र पर माल्यार्पण एवं पुष्प अर्पण के साथ किया गया। उपस्थित भाजपा नेताओं एवं कार्यकर्ताओं ने उन्हें नमन करते हुए उनके योगदान को स्मरण किया।
कर्पूरी ठाकुर के जीवन और विचारों पर प्रकाश
भाजपा नेताओं ने अपने संबोधन में कर्पूरी ठाकुर के जीवन और संघर्ष पर विस्तार से प्रकाश डाला। बताया गया कि उनका जन्म 24 जनवरी 1924 को समस्तीपुर जिले में हुआ था। वे समाज सेवा, शिक्षा और गरीबों के उत्थान के लिए आजीवन समर्पित रहे।
उन्होंने बिहार में शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए अंग्रेज़ी रहित शिक्षा प्रणाली को प्रोत्साहित किया, जिससे गरीब एवं पिछड़े वर्ग के छात्रों को विशेष लाभ मिला।
आरक्षण नीति में कर्पूरी फार्मूला बना मील का पत्थर
नेताओं ने कहा कि कर्पूरी ठाकुर ने बिहार में सरकारी नौकरियों एवं शिक्षण संस्थानों में 26 प्रतिशत आरक्षण लागू कर एक ऐतिहासिक मॉडल प्रस्तुत किया। विरोध के बावजूद यह मामला सर्वोच्च न्यायालय तक पहुंचा, जहां से कर्पूरी फार्मूला के तहत आरक्षण को वैध ठहराया गया। इसके बाद बिहार में अति पिछड़ा वर्ग और पिछड़ा वर्ग को आरक्षण मिला, जो सामाजिक न्याय की दिशा में एक बड़ा कदम था।
दो बार मुख्यमंत्री, जननायक के रूप में मिली पहचान
कर्पूरी ठाकुर दो बार बिहार के मुख्यमंत्री रहे। अपनी सादगी, ईमानदारी और जनहितकारी नीतियों के कारण वे “जननायक” के नाम से लोकप्रिय हुए। उन्होंने सत्ता में रहते हुए भी अपने या अपने परिवार के लिए कोई संपत्ति नहीं बनाई, जो उनकी ईमानदारी का प्रमाण है।
मरणोपरांत भारत रत्न से हुआ सम्मान
उनके अतुलनीय योगदान को देखते हुए 23 जनवरी 2024 को भारत सरकार द्वारा उन्हें मरणोपरांत देश के सर्वोच्च नागरिक सम्मान भारत रत्न से सम्मानित किया गया, जिससे न केवल बिहार बल्कि पूरे देश में उनके विचारों और संघर्ष को नई पहचान मिली।
संकल्प लिया गया—कर्पूरी ठाकुर के पदचिह्नों पर चलने का
जयंती के अवसर पर भाजपा नेताओं एवं कार्यकर्ताओं ने कर्पूरी ठाकुर द्वारा दिखाए गए सामाजिक न्याय, ईमानदारी और सेवा के मार्ग पर चलने का संकल्प लिया।
कई गणमान्यों की रही प्रमुख उपस्थिति
कार्यक्रम में प्रमुख रूप से भाजपा प्रदेश सदस्य, ओबीसी मोर्चा के राजनंदन प्रसाद गांधी, अनुसूचित जाति मोर्चा जिला अध्यक्ष देवानंद पासवान, शिवनारायण सिंह, चंद्रवंशी गौतम गोस्वामी, अनिल कुमार, मनोज कुमार सिंह, महेंद्र जी, दीनानाथ प्रसाद, टिंकू गोस्वामी, शिव मांझी, अजय कुमार सिंह, डॉ. जेठ खान, सोशल मीडिया जिला संयोजक वेद प्रकाश, गोपाल प्रसाद चंद्रवंशी, नीलकर कुमार, नरेंद्र कुमार, अधिवक्ता अमित कुमार उर्फ बिल्लू, नीतीश कुमार, विनय शर्मा, कुणाल कुमार के अलावा दर्जनों कार्यकर्ता उपस्थित रहे।