गया जंक्शन पर महाबोधि एक्सप्रेस से कटकर दो यात्रियों की मौत, सीट की होड़ बनी हादसे की वजह
आर्यावर्त वाणी | गयाजी | 16 फरवरी 2026,
गयाजी। गया जंक्शन पर सोमवार को एक भीषण हादसा हो गया, जब ट्रेन संख्या 12397 अप गया–नई दिल्ली महाबोधि एक्सप्रेस से कटकर दो यात्रियों की मौत हो गई। घटना लगभग 2 बजे की है जब महाबोधि एक्सप्रेस वाशिंग पिट से रेडी होकर प्लेटफॉर्म संख्या 6 पर प्रवेश कर रही थी। बताया जाता है कि ट्रेन के रुकने से पहले ही सीट लेने की होड़ में कुछ यात्री दौड़ लगा रहे थे। इसी क्रम में दो यात्री ट्रेन और प्लेटफॉर्म के बीच मौजूद गैप में गिर पड़े और चलती ट्रेन की चपेट में आ गए। मौके पर ही दोनों की दर्दनाक मौत हो गई।
मृतकों की पहचान, परिजनों को सूचना
रेलवे पुलिस ने दोनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए मगध मेडिकल कॉलेज अस्पताल भेज दिया।
मृतकों की पहचान इस प्रकार की गई है:
1.सरयू प्रसाद (66 वर्ष) – निवासी धाना डिहरी, जिला जहानाबाद।
2.मोहम्मद खालिद आलम (27 वर्ष) – निवासी भगहर गांव, बाराचट्टी थाना क्षेत्र, जिला गयाजी।
घटना की सूचना परिजनों को दे दी गई है। हादसे के बाद स्टेशन परिसर में अफरातफरी का माहौल रहा।
“गया जंक्शन के प्लेटफॉर्म संख्या 6 पर सोमवार को महाबोधि एक्सप्रेस पहुंच रही थी। इस बीच सीट लेने के प्रयास में दो लोग ट्रेन की चपेट में आ गए, जिससे उनकी मौके पर मौत हो गई। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। घटना के कारण ट्रेन लगभग आधा घंटा विलंब से रवाना हुई।”
शिवकुमार यादव, थानाध्यक्ष रेल थाना गया
सीट लेने की जल्दबाजी बनी जानलेवा
प्राथमिक जांच में स्पष्ट हुआ है कि ट्रेन के पूर्णतः रुकने से पहले चढ़ने की कोशिश और भीड़ का दबाव इस दुर्घटना का मुख्य कारण बना। रेलवे नियमों के अनुसार चलती ट्रेन में चढ़ना या उतरना पूर्णतः प्रतिबंधित है, बावजूद इसके कई यात्री जोखिम उठाते हैं।
विशेषज्ञों का मानना है कि:
🔹प्लेटफॉर्म पर भीड़ नियंत्रण की सख्ती आवश्यक है।
🔹यात्रियों को बार-बार सुरक्षा घोषणाओं के माध्यम से जागरूक किया जाना चाहिए।
🔹प्लेटफॉर्म और ट्रेन के बीच गैपिंग को लेकर स्पष्ट मार्किंग और सतर्कता जरूरी है।
सुरक्षा प्रबंधन पर उठे सवाल
गया जंक्शन जैसे व्यस्त स्टेशन पर ट्रेनों के आगमन के समय अतिरिक्त सतर्कता की आवश्यकता है। भीड़ प्रबंधन, आरपीएफ/जीआरपी की सक्रिय तैनाती और सीसीटीवी निगरानी को और प्रभावी बनाने की मांग उठ रही है।
यह हादसा एक बार फिर यह संदेश देता है कि कुछ क्षणों की जल्दबाजी जिंदगी भर का नुकसान बन सकती है। रेलवे प्रशासन ने यात्रियों से अपील की है कि वे ट्रेन के पूर्ण रूप से रुकने के बाद ही चढ़ें-उतरें और अपनी सुरक्षा को सर्वोपरि रखें। जांच जारी है और रेल प्रशासन आगे की कार्रवाई में जुटा हुआ है।