आपदा प्रभावित 13 परिवारों को मिला अनुग्रह अनुदान की राशि
आर्यावर्त वाणी | गयाजी | 03 जनवरी 2026,
गयाजी; जिला पदाधिकारी शशांक शुभंकर ने आज जिले के विभिन्न अंचलों में प्राकृतिक एवं आकस्मिक आपदा से हुई मौतों के मामलों में मृतकों के आश्रित परिवारों को अनुग्रह अनुदान राशि उपलब्ध कराई। यह भुगतान संबंधित अंचल अधिकारियों के माध्यम से उनके बैंक खातों में भेजा गया है।
इस योजना के तहत आज कुल तेरह (13) आश्रित परिवारों को 4-4 लाख रुपये की अनुग्रह अनुदान राशि प्रदान की गई है। जिला प्रशासन ने समय पर सहायता उपलब्ध कराने को प्राथमिकता बताते हुए कहा कि आपदा प्रभावित परिवारों को हर संभव सहायता दी जाएगी।
13 आश्रित परिवारों को अनुग्रह अनुदान भुगतान सूची इस प्रकार है:
1. डुमरिया अंचल – पिपरा मांडर गाँव
वज्रपात से मृत विपति देवी के परिजन को ₹4,00,000 की राशि।
2. खिजरसराय – हेमारा गाँव
डूबने से मृत सन्नी कुमार के परिजन को ₹4,00,000 की राशि।
3. अतरी – तेतर राजबीघा गाँव
तालाब में डूबने से मृत आशीष कुमार के परिजन को ₹4,00,000 की राशि।
4. वजीरगंज – जमुआवा गाँव
आंधी-तूफान में पेड़ गिरने से मृत तासवर मियां के परिजन को ₹4,00,000 की राशि।
5. टिकारी – केसपा गाँव
पइन में डूबने से मृत अंकित कुमार के परिजन को ₹4,00,000 की राशि।
6. टिकारी – पिपरा मांडर गाँव
मोरहर नदी में डूबने से मृत मनीष राज के परिजन को ₹4,00,000 की राशि।
7. परैया – युगलपुर गाँव
मोरहर नदी में डूबने से मृत सपना कुमारी के परिजन को ₹4,00,000 की राशि।
8. मानपुर – बंधुआ गाँव
सड़क दुर्घटना में मृत सिकंदर कुमार यादव के परिजन को ₹4,00,000 की राशि।
9. मोहनपुर – मोहनपुर गाँव
आहार में डूबने से मृत नागेश्वर चौधरी के परिजन को ₹4,00,000 की राशि।
10. परैया – उपरहुली गाँव
नदी में डूबने एवं वज्रपात से मृत व्यक्ति के परिजन को ₹4,00,000 की राशि।
11. नगर – बड़की डेल्हा
आहर में डूबने से मृत अभिनाश कुमार के परिजन को ₹4,00,000 की राशि।
12. बोधगया – मस्तपुरा गाँव
सड़क दुर्घटना में मृत बालदेव मांझी के परिजन को ₹4,00,000 की राशि।
13. टनकुप्पा – डुमरी गाँव
बांध में डूबने से मृत गौरी देवी के परिजन को ₹4,00,000 की राशि।
जिला प्रशासन ने कहा कि आपदा से प्रभावित परिवारों को त्वरित सहायता पहुंचाना उनकी प्राथमिकता है। डीएम शशांक शुभंकर ने अंचल अधिकारियों को निर्देश दिया है कि सभी आपदा से जुड़े मामलों की रिपोर्ट शीघ्रता से भेजें ताकि पात्र परिवारों को सरकार की ओर से निर्धारित सहायता समय पर उपलब्ध कराई जा सके।