गयाजी में अवैध खनन पर जिला प्रशासन का अब तक का सबसे बड़ा प्रहार, 24 घंटे में 24 ट्रैक्टर व एक बाइक जब्त, ₹1.33 करोड़ से अधिक का लगाया जुर्माना
आर्यावर्त वाणी | गयाजी | 17 जनवरी 2026,
गयाजी। जिले में अवैध खनन और बालू के गैरकानूनी परिवहन के खिलाफ जिला प्रशासन ने अब तक की सबसे बड़ी और निर्णायक कार्रवाई को अंजाम दिया है। जिला पदाधिकारी शशांक शुभंकर के सख्त निर्देशों के आलोक में खनन, परिवहन एवं पुलिस विभाग की संयुक्त टीम ने बीते 24 घंटे के भीतर विभिन्न थाना क्षेत्रों में ताबड़तोड़ छापेमारी कर खनन माफियाओं के नेटवर्क पर करारा प्रहार किया है।
इस विशेष अभियान के दौरान प्रशासन ने कुल 24 ट्रैक्टर और एक मोटरसाइकिल को जब्त किया है, जबकि अवैध खनन व परिवहन में संलिप्त माफियाओं पर एक करोड़ तैंतीस लाख साठ हजार रुपये का भारी-भरकम जुर्माना अधिरोपित किया गया है। इसे जिले में अब तक की सबसे बड़ी दंडात्मक कार्रवाइयों में से एक माना जा रहा है।
अभियान की सबसे बड़ी सफलता मुफ्फसिल थाना क्षेत्र के भदेजा गांव के समीप फल्गु नदी के तट पर मिली। गुप्त सूचना के आधार पर खनन एवं पुलिस विभाग की संयुक्त टीम ने जब वहां छापेमारी की, तो अवैध खनन में लगे माफियाओं में अफरा-तफरी मच गई। कार्रवाई की भनक लगते ही खननकर्ता मौके से फरार हो गए, लेकिन पुलिस ने घेराबंदी कर बालू लदे व खनन में प्रयुक्त 18 ट्रैक्टरों को जब्त कर लिया। नदी के प्राकृतिक स्वरूप को क्षति पहुंचाने और अवैध उत्खनन के गंभीर आरोपों में संबंधित खननकर्ताओं पर 1.09 करोड़ रुपये, जबकि जब्त वाहनों पर 18 लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया है।
इसी क्रम में बोधगया थाना क्षेत्र के तितौया गांव में अवैध बालू परिवहन के विरुद्ध कार्रवाई करते हुए दो ट्रैक्टरों को मौके से पकड़ा गया, जबकि एक ट्रैक्टर चालक वाहन लेकर फरार हो गया। तीनों वाहनों के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज करते हुए प्रशासन ने 3 लाख 30 हजार रुपये का जुर्माना लगाया है।
वहीं परैया थाना क्षेत्र में की गई निरोधात्मक कार्रवाई के दौरान अवैध परिवहन में संलिप्त दो ट्रैक्टर जब्त किए गए, जिन पर 2 लाख 20 हजार रुपये का जुर्माना अधिरोपित किया गया। इसके अलावा भदवर थाना क्षेत्र में पुलिस के सहयोग से अवैध खनन में प्रयुक्त एक ट्रैक्टर और एक मोटरसाइकिल को जब्त कर 1 लाख 10 हजार रुपये का अर्थदंड लगाया गया है।
जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि अवैध खनन और पर्यावरण को नुकसान पहुंचाने वालों के खिलाफ आगे भी इसी तरह सख्त और निरंतर कार्रवाई जारी रहेगी।