पंचायत सचिवों को मिलेगा राजस्व कर्मियों का अतिरिक्त प्रभार डीएम ने दिया सख्त आदेश

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आर्यावर्त वाणी | गयाजी | 18 फरवरी 2026,

गयाजी; डीएम शशांक शुभंकर की अध्यक्षता में 18 फरवरी 2026 को समाहरणालय सभागार में राजस्व विभाग की मासिक प्रगति समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में राजस्व कार्यों की गति, लंबित मामलों तथा सरकारी भूमि संरक्षण से संबंधित बिंदुओं पर विस्तृत समीक्षा की गई।

हड़ताल के बीच कार्य संचालन प्रभावित न हो

डीएम ने कहा कि राजस्व कर्मचारियों की हड़ताल के कारण विभागीय कार्य बाधित नहीं होने चाहिए। इसके लिए सभी अंचल अधिकारियों को निर्देश दिया गया कि प्रखंड विकास पदाधिकारी के माध्यम से अपने-अपने क्षेत्रों में पंचायत सचिवों को राजस्व कर्मियों का अतिरिक्त प्रभार दिया जाए तथा डोंगल सक्रिय कराया जाए, ताकि कार्य निर्बाध रूप से चलता रहे।

25 एकड़ से अधिक सरकारी भूमि की सूची दो दिनों में

जिला पदाधिकारी ने निर्देश दिया कि 25 एकड़ या उससे अधिक क्षेत्रफल वाली सभी सरकारी जमीन चाहे वह किसी भी विभाग की हो को चिन्हित कर खाता, खेसरा और भूमि की किस्म सहित अद्यतन विवरण दो दिनों के भीतर उपलब्ध कराया जाए। उन्होंने सरकारी भूमि की सुरक्षा और संरक्षण को प्राथमिकता देने पर जोर दिया।

भूमिहीनों को शीघ्र पर्चा वितरण का निर्देश

डॉ. आंबेडकर समग्र अभियान के अंतर्गत प्राप्त आवेदनों की समीक्षा करते हुए डीएम ने कहा कि जिन अंचलों में अब भी भूमिहीन परिवारों को पर्चा वितरण शेष है, वहां तेजी लाकर लंबित मामलों का निष्पादन सुनिश्चित किया जाए।

सामुदायिक भवन के लिए जमीन चिन्हित करने का निर्देश

महादलित टोलों में प्रस्तावित सामुदायिक भवन निर्माण की समीक्षा के दौरान सभी अंचल अधिकारियों को निर्देश दिया गया कि भूमि चिन्हित कर अनापत्ति प्रमाण पत्र जिला कल्याण पदाधिकारी को शीघ्र उपलब्ध कराएं।

ऑनलाइन म्यूटेशन में 7 दिनों में निपटारा

ऑनलाइन म्यूटेशन की समीक्षा में डीएम ने कहा कि बिना ठोस कारण के मामलों को ऑब्जेक्शन लगाकर लंबित रखना गंभीर विषय है। उन्होंने निर्देश दिया कि नगर, बोधगया और मानपुर में लंबित म्यूटेशन मामलों को प्राथमिकता देते हुए सभी आवेदन 7 दिनों के भीतर निष्पादित किए जाएं।

न्यायालय आदेश के बावजूद कब्जा मामलों पर कार्रवाई

डीएम ने स्पष्ट किया कि यदि किसी आवेदक को न्यायालय से अपने पक्ष में आदेश प्राप्त है, फिर भी जमीन पर कब्जा नहीं मिल रहा है, तो ऐसे मामलों में गंभीरता से कार्रवाई कर संबंधित व्यक्ति को हर हाल में कब्जा दिलाया जाए।

सरकारी जमीन की जमाबंदी रद्दीकरण हेतु विशेष अभियान

दाखिल-खारिज की समीक्षा में निर्देश दिया गया कि सरकारी भूमि पर चल रही सभी अवैध जमाबंदी को विशेष अभियान चलाकर रद्द किया जाए। उन्होंने कहा कि सरकारी जमीन पर किसी भी प्रकार की अनियमितता स्वीकार्य नहीं होगी।

भू-राजस्व संग्रहण एवं जमीन मापी में तेजी

भू-राजस्व संग्रहण की समीक्षा में अंचल अधिकारियों को रैयतों के बीच प्रचार-प्रसार बढ़ाने के निर्देश दिए गए, ताकि अधिक से अधिक भू-राजस्व की वसूली हो सके। वहीं, जमीन मापी के लंबित मामलों को फरवरी के अंत तक समाप्त करने तथा सभी आवेदकों को मापी रिपोर्ट उपलब्ध कराने का निर्देश भी दिया गया।

बैठक में अपर समाहर्ता (राजस्व), सभी भूमि सुधार उप समाहर्ता, अंचलाधिकारी एवं अन्य संबंधित पदाधिकारी उपस्थित रहे। जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया कि राजस्व कार्यों में पारदर्शिता, समयबद्धता और जवाबदेही सर्वोच्च प्राथमिकता रहेगी।

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